हाईकोर्ट का सख्त आदेश!
कांग्रेस–आप को 24 घंटे में हटाने होंगे पोस्ट,
अंकिता केस में बीजेपी नेता गौतम को जोड़ने पर लगी रोक!
दर्पण न्यूज 24/7 नई दिल्ली।
अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर सोशल मीडिया पर राजनीतिक बयानबाजी पर दिल्ली हाईकोर्ट ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कांग्रेस और आम आदमी पार्टी को कड़ा आदेश दिया है। अदालत ने दोनों दलों को निर्देश दिया है कि वे भाजपा के राष्ट्रीय सचिव दुष्यंत कुमार गौतम को अंकिता हत्या मामले से जोड़ने वाले सभी पोस्ट, वीडियो और सामग्री 24 घंटे के भीतर हटाएं, अन्यथा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स खुद इन्हें नियमों के तहत हटा देंगे।
न्यायमूर्ति मिनी पुष्करणा ने गौतम द्वारा दायर मानहानि याचिका पर सुनवाई करते हुए यह अंतरिम आदेश पास किया। अदालत ने साफ कहा कि सुनवाई की अगली तारीख तक कांग्रेस, आप और अन्य प्रतिवादी किसी भी तरह की सामग्री अपलोड, प्रकाशित या प्रसारित नहीं कर सकेंगे, जिसमें गौतम को “कथित वीआईपी” के रूप में जोड़ा गया हो।
अदालत ने अभिनेत्री उर्मिला सनावर, उत्तराखंड कांग्रेस कमेटी सहित कई व्यक्तियों और संस्थाओं के खिलाफ भी आदेश पारित किए हैं। यदि 24 घंटे में आदेश का पालन नहीं हुआ, तो X, Meta Platforms Inc और Google LLC को उक्त सामग्री हटाने का निर्देश दिया गया है। कोर्ट ने माना कि ऐसी सामग्री गौतम की प्रतिष्ठा को अपूरणीय क्षति पहुंचा सकती है।
गौरतलब है कि 2022 में पौड़ी के वनंतरा रिसॉर्ट में 19 वर्षीय अंकिता भंडारी की हत्या के मामले में रिसॉर्ट मालिक पुलकित आर्य व उसके दो कर्मचारियों को सजा हो चुकी है। हाल ही में अभिनेत्री उर्मिला सनावर द्वारा जारी एक ऑडियो क्लिप और “कथित वीआईपी” संबंधों के दावे के बाद मामला फिर चर्चा में आया था। गौतम ने इस मामले में 2 करोड़ रुपये के हर्जाने की मांग की है।
अब अगली सुनवाई 4 मई को होगी।
राजनीतिक गलियारों में इस फैसले के बाद हलचल तेज हो गई है।
