ख्रीष्ट महोत्सव में उमड़ा उल्लास, कुमाऊं में दिखी मसीही एकता और प्रेम की मिसाल।
हल्द्वानी।
प्रभु यीशु मसीह के जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में कुमाऊं क्षेत्र में ख्रीष्ट महोत्सव (क्रिसमस सेलिब्रेशन) का भव्य एवं आध्यात्मिक आयोजन सेंट टैरेसा स्कूल के ऑडिटोरियम में संपन्न हुआ। कुमाऊं क्रिश्चियन एसोसिएशन के सफल नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में पूरे कुमाऊं से मसीही समाज की उत्साहपूर्ण सहभागिता देखने को मिली।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण कैरल सिंगिंग प्रतियोगिता रही, जिसे कैथोलिक डायोसिस कमीशन फॉर सेक्रेड म्यूजिक की टीम ने गरिमामय और प्रभावशाली बनाया। कुमाऊं क्रिश्चियन एसोसिएशन के वरिष्ठ प्रभु के दास रेव्ह. एच. पी. जोसेफ एवं फादर डैरिक पिंटो के सशक्त मार्गदर्शन में नैनीताल जनपद की विभिन्न कलिसियाओं के पास्टरों और विश्वासियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। इस अवसर पर लगभग 30 कलिसियाओं के पास्टर एवं मसीही विश्वासी उपस्थित रहे।
कैरल सिंगिंग प्रतियोगिता में प्रतिभागी कलिसियाओं ने भावपूर्ण एवं मनोहारी प्रस्तुतियां दीं। निर्णायक मंडल के निर्णयानुसार प्रथम पुरस्कार सेंट टैरेसा चर्च, द्वितीय पुरस्कार असेंबली ऑफ बिलीवर्स चर्च हल्द्वानी, तृतीय पुरस्कार असेंबलीज ऑफ गॉड चर्च काठगोदाम तथा सांत्वना पुरस्कार गतसमनी चर्च हल्द्वानी को प्रदान किया गया। सभी प्रतिभागियों के प्रयासों की मुक्त कंठ से सराहना की गई।
कार्यक्रम में सैंटा क्लॉज़ की विशेष उपस्थिति और आकर्षक नृत्य बच्चों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। सैंटा क्लॉज़ द्वारा बच्चों में कैंडीज वितरित की गईं, जिससे पूरा सभागार उल्लास और खुशियों से भर उठा।
इस अवसर पर फादर अशोक मसीह ने बाइबल आधारित संदेश के माध्यम से प्रभु यीशु के जन्म का वास्तविक अर्थ सरल और प्रभावशाली शब्दों में प्रस्तुत किया, जिससे उपस्थित जनसमूह आत्मिक रूप से प्रेरित हुआ।
कार्यक्रम में सेंट टैरेसा चर्च काठगोदाम, सेंट्रल मैथोडिस्ट चर्च हल्द्वानी, असेंबली ऑफ बिलीवर्स चर्च हल्द्वानी, असेंबलीज ऑफ गॉड चर्च काठगोदाम एवं हल्द्वानी सहित अनेक कलिसियाओं के पास्टरों और सेवकों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
अंत में कुमाऊं क्रिश्चियन एसोसिएशन की ओर से कार्यक्रम संचालक पा. राजीव सक्सेना ने सेंट टैरेसा चर्च एवं उनकी प्रीस्ट कमेटी का उत्कृष्ट व्यवस्थाओं और भोजन सेवा के लिए आभार व्यक्त किया। साथ ही सभी सहभागियों का धन्यवाद करते हुए मसीही समाज के मूल्यों—प्रेम, एकता और सेवा—को आगे भी समाज में सशक्त रूप से प्रस्तुत करने की अपील की।
ख्रीष्ट महोत्सव का यह आयोजन कुमाऊं क्षेत्र में मसी ही एकता, आपसी प्रेम और सामूहिक सेवा का सशक्त संदेश देकर अविस्मरणीय बन गया।
