“रामनगर के पूछड़ी गांव में अवैध बसावट का बड़ा खुलासा: फर्जी कागजों पर जमीन बेचने वाला गिरोह बेनकाब, 170 परिवार अतिक्रमणकारी घोषित”!
रामनगर।
पूछड़ी गांव में कोसी नदी किनारे वनभूमि पर अवैध बसावट का बड़ा मामला सामने आया है। जांच में पता चला है कि एक तथाकथित पत्रकार सहित पांच लोगों का गिरोह गरीब और प्रवासी परिवारों को फर्जी दस्तावेज दिखाकर वर्षों से जमीन बेच रहा था। वन विभाग ने अब तक 170 परिवारों को अतिक्रमणकारी घोषित कर दिया है, जिनके प्रकरणों की विस्तृत जांच जारी है।
जांच अधिकारियों ने पाया कि अतिक्रमण केवल वनभूमि तक सीमित नहीं रहा, बल्कि कच्चे मकान सीधे कोसी नदी के किनारे तक खड़े कर दिए गए, जिससे पर्यावरण और मानव सुरक्षा दोनों पर गंभीर खतरा उत्पन्न हो गया है। मामले को संगठित अवैध बसावट रैकेट मानते हुए प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है।
सूत्रों के अनुसार, पूरी जांच रिपोर्ट जल्द तैयार की जाएगी और दोषियों पर भारी दंड के साथ कानूनी कार्रवाई तय मानी जा रही है। अवैध भूमि बिक्री और कब्जे के इस नेटवर्क को तोड़ने के लिए अतिरिक्त जांच टीमें भी तैनात की जा रही हैं। एसडीएम ने स्पष्ट किया कि यह पूर्णत: कानूनी प्रक्रिया का मामला है और किसी को भी अवैध रूप से बसने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
