मोटाहल्दू में 15 वर्षीय छात्रा लापता, झाड़ियों में मिली ड्रेस से सनसनी!
स्कूल से घर लौटते समय रहस्यमय ढंग से गायब, औद्योगिक क्षेत्र की सुरक्षा पर उठे बड़े सवाल!
दर्पण न्यूज 24/7 ब्यूरो लालकुआं। मोटाहल्दू क्षेत्र में कक्षा 10 की 15 वर्षीय छात्रा के संदिग्ध परिस्थितियों में लापता होने से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। स्कूल से घर लौट रही छात्रा का देर शाम तक कोई सुराग नहीं लग सका, जबकि खोजबीन के दौरान औद्योगिक क्षेत्र की खाली जमीन में उगी घनी झाड़ियों के बीच उसकी स्कूल ड्रेस बरामद होने से मामला बेहद गंभीर और रहस्यमय हो गया है। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत के साथ आक्रोश का माहौल भी देखने को मिल रहा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार शक्तिफार्म निवासी सतीश उपाध्याय की पुत्री ललिता उपाध्याय गुरुवार को रोज की तरह मोटाहल्दू स्थित विद्यालय गई थी। दोपहर करीब 2:05 बजे छुट्टी के बाद वह अपनी सहेली के साथ घर के लिए निकली। हाइवे पार करने के बाद सहेली अपने घर चली गई, जबकि छात्रा मंदिर की ओर बढ़ी, लेकिन घर नहीं पहुंची। काफी देर तक घर न पहुंचने पर परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की, लेकिन कहीं पता नहीं चला।
तलाश के दौरान मदरसन कंपनी के पास टाटा मोटर्स के स्वामी की खाली पड़ी भूमि में उगी घनी झाड़ियों के बीच छात्रा की स्कूल ड्रेस (सलवार-कमीज) बरामद हुई। ड्रेस मिलने की सूचना फैलते ही क्षेत्र में हड़कंप मच गया और बड़ी संख्या में लोग मौके पर जुट गए। इस बरामदगी ने मामले को और अधिक संदिग्ध बना दिया है।
सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हलचल तेज हो गई। एसपी सिटी क्राइम जगदीश चंद, सीओ हल्द्वानी अमित कुमार सैनी, कोतवाल बृजमोहन सिंह राणा सहित पुलिस और एसओजी की टीम मौके पर पहुंची। डॉग स्क्वॉड और फोरेंसिक टीम को भी बुलाया गया, जिन्होंने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर साक्ष्य जुटाए। डॉग स्क्वॉड कपड़ों की लोकेशन से स्कूल तक पहुंचा, जिससे कुछ समय के लिए हाइवे पर यातायात भी प्रभावित रहा।
पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, लेकिन कई कैमरे खराब पाए जाने से जांच में बाधा आ रही है। उपलब्ध फुटेज में छात्रा कपड़े मिलने के स्थान से कुछ दूरी पहले तक दिखाई दे रही है, जिसके बाद उसकी गतिविधियों का कोई स्पष्ट सुराग नहीं मिल सका है।
एसपी सिटी क्राइम जगदीश चंद ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए कई टीमें गठित की गई हैं। डॉग स्क्वॉड और सर्विलांस टीम की मदद से कुछ अहम सुराग मिले हैं, जिनके आधार पर जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है। फोरेंसिक टीम भी साक्ष्यों का परीक्षण कर रही है। उन्होंने कहा कि पुलिस का पहला लक्ष्य छात्रा की सकुशल बरामदगी है और सभी पहलुओं पर गंभीरता से जांच जारी है।
घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। मिनी औद्योगिक क्षेत्र होने के बावजूद बिना सत्यापन बाहरी लोगों के रहने, सुनसान इलाकों में सुरक्षा की कमी और खाली पड़ी जमीनों में उगी घनी झाड़ियों को लेकर ग्रामीणों ने प्रशासन पर सवाल उठाए हैं। लोगों का कहना है कि क्षेत्र में लंबे समय से सुरक्षा व्यवस्था कमजोर बनी हुई है, जिससे इस तरह की घटनाओं की आशंका बनी रहती है।
पुलिस ने आसपास के जंगलों और खाली क्षेत्रों में सघन सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया है। परिजनों के साथ स्थानीय लोग भी तलाश में जुटे हुए हैं।
फिलहाल इस रहस्यमयी घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं क्या छात्रा किसी साजिश का शिकार हुई है या फिर इसके पीछे कोई और वजह है? जवाब की तलाश में पुलिस और पूरा क्षेत्र इंतजार कर रहा है।
