








फास्टैग एनुअल पास हुआ महंगा, 1 अप्रैल से चुकाने होंगे 3075 रुपये!
दर्पण न्यूज 24/7 ब्यूरो, नई दिल्ली।
राष्ट्रीय राजमार्गों पर सफर करने वाले वाहन चालकों के लिए फास्टैग एनुअल पास अब महंगा होने जा रहा है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए फास्टैग के वार्षिक पास की फीस में बढ़ोतरी कर दी है। अब तक 3000 रुपये में मिलने वाला यह पास 1 अप्रैल 2026 से 3075 रुपये में मिलेगा। इस संबंध में 12 मार्च को आदेश जारी कर दिया गया है।
पिछले साल स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर शुरू किए गए इस एनुअल पास को वाहन चालकों से काफी अच्छी प्रतिक्रिया मिली थी। देशभर में अब तक 50 लाख से अधिक लोग इस सुविधा का लाभ उठा चुके हैं।
200 बार तक टोल पार करने की सुविधा
फास्टैग एनुअल पास का सबसे बड़ा फायदा यह है कि जिन वाहनों में यह पास एक्टिव होता है, वे राष्ट्रीय राजमार्गों पर स्थित टोल प्लाजा से साल भर में अधिकतम 200 बार तक गुजर सकते हैं। पास की वैधता एक साल या 200 यात्राओं में से जो शर्त पहले पूरी हो, उसी तक रहती है।
यह सुविधा केवल निजी कार, जीप और वैन जैसे निजी वाहनों के लिए ही उपलब्ध है। इसका उद्देश्य बार-बार टोल भुगतान की झंझट को कम करना और डिजिटल टोल कलेक्शन को बढ़ावा देना है।
ऐसे खरीद सकते हैं एनुअल पास
फास्टैग एनुअल पास खरीदने के लिए यात्री ‘राजमार्ग यात्रा’ ऐप का उपयोग कर सकते हैं। इसके अलावा एनएचएआई और सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की आधिकारिक वेबसाइट से भी इसे खरीदा जा सकता है।
यूजर्स को अपने फास्टैग अकाउंट में लॉग इन कर वाहन का रजिस्ट्रेशन नंबर और रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर दर्ज करना होगा। इसके बाद यूपीआई, डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड या नेट बैंकिंग के जरिए भुगतान कर पास को एक्टिव किया जा सकता है।
