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आंधी-तूफान ने मचाई तबाही, बारिश से मिली राहत!

दर्पण न्यूज 24/7 संवाददाता

बागेश्वर/सोमेश्वर

बागेश्वर जनपद में मंगलवार दोपहर अचानक आए तेज आंधी-तूफान और बारिश ने जमकर कहर बरपाया। तेज हवाओं से टीन की छतें उड़ गईं, पेड़ धराशायी हो गए और यातायात व बिजली व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित रही। हालांकि शाम तक हुई बारिश ने गर्मी और जंगलों की आग से राहत भी दिलाई।

दोपहर करीब ढाई बजे के बाद मौसम ने अचानक करवट ली और तेज आंधी के साथ बारिश शुरू हो गई। करीब आधे घंटे तक चले तूफान ने शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक भारी नुकसान पहुंचाया।

पिंडारी रोड स्थित नई पुलिया के पास खेतवाल ढाबे के आगे टीन की चादरें उड़कर कई मीटर दूर जा गिरीं। इस दौरान सड़क किनारे खड़ी एक कार क्षतिग्रस्त हो गई, जबकि कई मोटरसाइकिलें भी मलबे में दब गईं।

सड़क के दूसरी ओर फड़ व्यापारियों की कच्ची दुकानें भी आंधी में उड़कर बिखर गईं। मौके पर अफरा-तफरी का माहौल रहा और लोग जान बचाने के लिए इधर-उधर भागते नजर आए। सूचना मिलते ही पुलिस और फायर सर्विस की टीमें मौके पर पहुंचीं और सुरक्षा के मद्देनजर यातायात को अस्थायी रूप से रोक दिया गया।

घटबगढ़ वार्ड में एक विशाल पेड़ मकान पर गिर गया, हालांकि बड़ा हादसा टल गया। वहीं एनएच-309 के बिंघरुतोला क्षेत्र में पेड़ गिरने से यातायात बाधित हो गया, जिसे बाद में जेसीबी की मदद से हटाकर सुचारू किया गया।

तेज तूफान को देखते हुए यूपीसीएल विभाग ने एहतियातन पूरे जिले में शटडाउन लेकर बिजली आपूर्ति बंद कर दी। कई स्थानों पर पेड़ गिरने से बिजली लाइनें भी क्षतिग्रस्त हो गईं, जिन्हें देर शाम तक ठीक करने का काम जारी रहा।

दूसरी ओर सोमेश्वर क्षेत्र में भी दोपहर बाद मौसम बदला और बारिश शुरू हो गई। इस बारिश से जहां लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली, वहीं जंगलों की आग से उठ रहे धुएं से भी निजात मिली।

किसानों के लिए यह बारिश किसी वरदान से कम नहीं रही। साग-सब्जियों की फसलों को फायदा मिला और पानी की किल्लत से जूझ रहे लोगों को भी राहत मिली।

एक ओर आंधी-तूफान ने जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया, वहीं बारिश ने राहत की सौगात भी दी। प्रशासन अब नुकसान का आकलन करने में जुटा है।

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