प्रधानाचार्य की निर्मम हत्या से बागेश्वर में उबाल, आरोपी की गिरफ्तारी तक नहीं होने दिया पोस्टमार्टम!
दर्पण न्यूज 24×7 | बागेश्वर
बागेश्वर जिले के जीआईसी भटखोला में प्रधानाचार्य दयानंद टम्टा की दिनदहाड़े हुई निर्मम हत्या ने पूरे जिले को झकझोर दिया है। शिक्षा के मंदिर में हुई इस दिल दहला देने वाली वारदात के बाद जिलेभर में शोक, आक्रोश और असुरक्षा का माहौल है। घटना के विरोध में ग्रामीणों, शिक्षकों और स्थानीय लोगों ने जिला अस्पताल पहुंचकर इमरजेंसी के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया और आरोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग पर अड़ गए।
घटना के बाद प्रशासन ने विद्यालय में तत्काल अवकाश घोषित कर दिया। बड़ी संख्या में शिक्षक, अभिभावक और ग्रामीण अस्पताल पहुंचे, जहां मृतक के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि यदि विद्यालयों में भी शिक्षक सुरक्षित नहीं हैं, तो शिक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
जानकारी के अनुसार, दिवंगत प्रधानाचार्य दयानंद टम्टा वर्ष 2005 से जीआईसी भटखोला में अपनी सेवाएं दे रहे थे। करीब तीन वर्ष पहले उन्हें विद्यालय का प्रभारी प्रधानाचार्य बनाया गया था। उनका मूल निवास बेहरगांव था और वर्तमान में वह सेज तहसील क्षेत्र में परिवार के साथ रह रहे थे। उनकी पत्नी अनीता एक जूनियर हाईस्कूल में शिक्षिका हैं। परिवार में एक बेटा और एक बेटी हैं, जो वर्तमान में अध्ययनरत हैं। घटना के बाद अस्पताल में परिजनों का विलाप हर किसी की आंखें नम कर गया।
पुलिस के अनुसार, हत्या का आरोपी नवल किशोर सोराड़ी (40) अल्मोड़ा जिले के लमगड़ा क्षेत्र का निवासी है। करीब दो वर्ष पूर्व उसका स्थानांतरण बड़ियाकोट से जीआईसी भटखोला में हुआ था। बताया जा रहा है कि लगभग चार माह पहले विभागीय कार्यों में लापरवाही और अभद्र व्यवहार के आरोप में खंड शिक्षा अधिकारी आशाराम ने उसका वेतन भी रोक दिया था। प्रारंभिक तौर पर इसी विवाद को घटना की एक वजह माना जा रहा है, हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की गहन जांच कर रही है।
घटना के विरोध में अस्पताल परिसर में घंटों तक हंगामा चलता रहा। परिजनों और शिक्षकों ने स्पष्ट कर दिया कि जब तक आरोपी गिरफ्तार नहीं होगा, तब तक शव का पोस्टमार्टम नहीं कराया जाएगा। हालात को देखते हुए उपजिलाधिकारी प्रियंका रानी मौके पर पहुंचीं और प्रदर्शनकारियों से वार्ता कर उन्हें शांत कराने का प्रयास किया। आरोपी की गिरफ्तारी के बाद ही परिजन पोस्टमार्टम के लिए तैयार हुए।
इस जघन्य हत्या की क्षेत्रभर में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली। खरकट्टा के प्रधान नवल किशोर टम्टा ने आरोपी को कठोरतम सजा देने की मांग की, जबकि पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष हरीश ऐठानी ने इसे अत्यंत हृदयविदारक घटना बताते हुए कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए।
पुलिस उपाधीक्षक मनीष शर्मा ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई थी। घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए गए हैं और मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है।
