

बिंदुखत्ता आंदोलन के बीच सियासी हलचल, कैड़ा पहुंचे ग्रामीणों के बीच
दीपेंद्र कोश्यारी की मौजूदगी और विधायक को लेकर चर्चाओं के बीच अब लिखित आश्वासन का इंतजार
लालकुआं। 25 हजार लोगों की महारैली और उसके बाद तहसील परिसर में शुरू हुए अनिश्चितकालीन धरने के बीच बिंदुखत्ता का आंदोलन नए चरण में पहुंच गया है। इसी बीच कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा आंदोलनरत ग्रामीणों से मिलने पहुंचे। उनके साथ भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश महामंत्री दीपेंद्र कोश्यारी भी मौजूद रहे।
ग्रामीणों ने मंत्री को ज्ञापन सौंपकर राजस्व ग्राम की वर्षों पुरानी मांग को जल्द पूरा करने की मांग रखी। कैड़ा ने कहा कि उनका बचपन बिंदुखत्ता में बीता है और छात्र जीवन से ही उन्हें यहां के लोगों का समर्थन मिलता रहा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री बिंदुखत्ता के मुद्दे को लेकर चिंतित हैं और सरकार इस दिशा में तेजी से काम कर रही है। जल्द सकारात्मक परिणाम आने का आश्वासन भी दिया।
इधर, आंदोलन स्थल पर स्थानीय विधायक डॉ. मोहन सिंह बिष्ट को लेकर नाराजगी और तरह-तरह की चर्चाएं भी सुनाई दीं। ऐसे में कैड़ा के साथ दीपेंद्र कोश्यारी की मौजूदगी को लेकर क्षेत्र में सियासी चर्चाओं का दौर जरूर शुरू हुआ है।
लेकिन आंदोलनकारियों के लिए फिलहाल राजनीति से बड़ा सवाल सरकारी फैसले का है।
25 हजार की महारैली और अनिश्चितकालीन धरने के बाद अब ग्रामीण लिखित आश्वासन और राजस्व ग्राम की अधिसूचना की समयसीमा चाहते हैं।
सरकार के आश्वासन के बाद अब बिंदुखत्ता की नजर अगले कदम पर है—बात कब फैसले और अधिसूचना तक पहुंचेगी?
