

पारिवारिक विवाद के बाद मां और दो बेटियों ने निगला कीटनाशक, तीनों की हालत बिगड़ी!
टनकपुर से खटीमा तक दौड़भाग, अस्पताल से हायर सेंटर रेफर, निजी अस्पताल में उपचार के बाद हालत में सुधार की सूचना!
टनकपुर/चंपावत। चंपावत जिले के बेलखेत गांव में पारिवारिक विवाद के बाद एक महिला और उसकी दो नाबालिग बेटियों के कीटनाशक का सेवन करने का मामला सामने आया है। तीनों की तबीयत बिगड़ने से परिवार में हड़कंप मच गया। ग्रामीणों की मदद से उन्हें उप जिला चिकित्सालय टनकपुर पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद चिकित्सकों ने हायर सेंटर रेफर कर दिया। हालांकि, परिजन उन्हें हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल ले जाने के बजाय खटीमा के एक निजी अस्पताल ले गए। ग्रामीणों के अनुसार, उपचार के बाद तीनों की हालत में सुधार हो रहा है।
जानकारी के मुताबिक, बेलखेत निवासी पूजा बोहरा का किसी बात को लेकर अपनी सास से विवाद हो गया था। बताया जा रहा है कि कहासुनी के बाद महिला ने अपनी दो बेटियों मानवी (13) और हर्षिता (10) के साथ घर में रखा कीटनाशक पी लिया। कुछ समय बाद तीनों की तबीयत बिगड़ने लगी।
घटना के समय महिला का पति जसवंत सिंह बोहरा घर से कुछ दूरी पर स्थित अपनी आटा चक्की में काम कर रहा था। पड़ोसियों से सूचना मिलने पर वह घर पहुंचा तो पत्नी और दोनों बेटियों की हालत खराब मिली। इसके बाद ग्रामीणों की मदद से तीनों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया।
टनकपुर अस्पताल के चिकित्सक डॉ. आफ्ताब आमल के अनुसार, तीनों की हालत को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें सुशीला तिवारी अस्पताल, हल्द्वानी रेफर किया गया था। महिला की हालत अधिक गंभीर बताई गई। परिजन हालांकि तीनों को खटीमा के एक निजी अस्पताल ले गए, जहां उनका उपचार चल रहा है।
ग्रामीणों के मुताबिक, परिवार में चार बेटियां और एक बेटा है। घटना के समय दो अन्य बच्चे और बेटा पड़ोस में गए हुए थे। घटना की खबर फैलते ही गांव में चिंता का माहौल बन गया।
फिलहाल घटना के पीछे रहे पारिवारिक विवाद की वास्तविक परिस्थितियों और अन्य पहलुओं की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। तीनों की वर्तमान स्वास्थ्य स्थिति तथा मामले में किसी प्रशासनिक या पुलिस कार्रवाई की जानकारी भी आधिकारिक रूप से स्पष्ट होना बाकी है।
