देहरादून में वरिष्ठ पत्रकार की पीट-पीटकर हत्या, घर में घुसकर सीने-पेट पर हमला; पत्नी से बदसलूकी, दोबारा किया गया पोस्टमॉर्टम !
देहरादून। राजधानी देहरादून में वरिष्ठ पत्रकार पंकज मिश्रा की संदिग्ध मौत का मामला अब हत्या में तब्दील हो गया है। पुलिस ने मृतक के छोटे भाई अरविंद मिश्रा की तहरीर पर राजपुर थाने में मुख्य आरोपी अमित सहगल व उसके साथियों के खिलाफ हत्या सहित गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। परिजनों की मांग पर बुधवार को पंकज मिश्रा का दोबारा पोस्टमॉर्टम कराया गया है।
अरविंद मिश्रा ने पुलिस को बताया कि उनके बड़े भाई पंकज मिश्रा पत्नी लक्ष्मी मिश्रा के साथ दून विहार, जाखन में रहते थे। 15 दिडी सेसंबर की रात करीब 10 बजे अमित सहगल कुछ साथियों के साथ उनके घर पहुंचा और गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की नीयत से हमला कर दिया। आरोप है कि अभियुक्तों ने पंकज के सीने और पेट पर लात-घूंसे मारे, जिससे उनके मुंह से खून बहने लगा। इसी दौरान एक आरोपी ने कहा— “ये हार्ट और लिवर का मरीज है, पेट और सीने पर मारो।”
मारपीट के बाद आरोपियों ने पंकज का मोबाइल फोन छीन लिया। जब पत्नी लक्ष्मी मिश्रा पुलिस को कॉल करने लगीं, तो उनका मोबाइल भी छीनकर उनके साथ बदसलूकी की गई। किसी तरह पंकज ने राहगीर के फोन से पुलिस को सूचना दी।
अरविंद के अनुसार, घटना के बाद भय के कारण पंकज और उनकी पत्नी रात में पुलिस या अस्पताल नहीं जा सके। 16 दिसंबर की सुबह करीब तीन बजे पंकज दर्द से कराहते हुए उठे और कुछ ही देर में अचेत होकर गिर पड़े। पड़ोसियों की मदद से एम्बुलेंस बुलाई गई, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो गई।
मुंबई से देहरादून पहुंचे अरविंद मिश्रा ने एसएसपी अजय सिंह से मुलाकात कर पहले पोस्टमॉर्टम पर सवाल उठाते हुए दोबारा पोस्टमॉर्टम की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्य आरोपी अमित सहगल का डॉक्टरों को ब्लैकमेल करने का पुराना इतिहास रहा है। जिसके बाद दोबारा पोस्टमार्टम की कार्यवाही की गई।
एसपी सिटी प्रमोद कुमार ने बताया कि अरविंद की तहरीर के आधार पर थाना राजपुर में आरोपी अमित सहगल और उसके साथियों के खिलाफ BNS की धारा 103, 304, 333 और 352 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस हर पहलू की जांच कर रही है और जल्द ही घटना के संबंध में अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।
