“70 दिन से सड़क पर संघर्ष! 40% को पेंशन, 20% अब भी वंचित — दो माह से धरने पर डटे सेवानिवृत्त कर्मचारी, सरकार की संवेदनहीनता पर उबाल” !
दर्पण न्यूज 24/7
देहरादून, 12 दिसम्बर 2025।
सेवानिवृत्त कार्यप्रनान्ति से नियमित कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति देहरादून अपनी एक सूत्रीय मांग – पेंशन बहाली को लेकर लगातार 70वें दिन भी धरने पर डटी है। संघर्ष समिति के प्रांतीय अध्यक्ष खेमराज सिंह कुडरा ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के तीन जजों की पीठ के फैसले, राज्य कैबिनेट के निर्णय और शासनादेश के बाद 40% कर्मचारियों को पेंशन दी जा चुकी है, लेकिन 20% कार्मिक अब भी पेंशन से वंचित हैं।
इसी अन्याय के खिलाफ 1970 से 1992 के बीच नियुक्त और 2015 से पहले सेवायोजित लगभग 200 सेवानिवृत्त कर्मचारी बीते दो महीनों से देहरादून में लगातार धरने पर बैठे हैं।
कुडरा ने बताया कि संघर्ष के दौरान दो बुजुर्ग कार्मिकों की दम तोड़ देने वाली घटनाओं ने सरकार की संवेदनहीनता उजागर कर दी है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री, मंत्रियों और कई समाजसेवियों से पेंशन बहाली का आश्वासन पहले ही मिल चुका है और मामला मुख्यमंत्री के पास लंबित है, जिसे अगली कैबिनेट में रखने की बात कही गई है, लेकिन स्थिति आज भी जस की तस है।
धरना स्थल पर क्रमिक अनशन में श्री मधुरादल, धरमपाल गर्ग सहित कई कर्मचारी शामिल रहे। सभा को रानीराम पांडे, ओमचन्द्र रमोला, मनोहर लाल मुण्डियाल, खडीह धामी, मनोहर चन्द्र जोशी, मखलाशी समेत कई वक्ताओं ने संबोधित किया।
संघर्ष समिति ने स्पष्ट कहा — “पेंशन बहाली के बिना आंदोलन खत्म नहीं होगा।”
