हंसता-खेलता चेहरा यूं खामोश हो जाएगा, किसी ने नहीं सोचा था… सोनू पांडे के निधन से लालकुआं शोकाकुल!
दर्पण न्यूज 24/7 लालकुआं। कभी हर कार्यक्रम में मुस्कुराते हुए नजर आने वाला चेहरा, लोगों के सुख-दुख में सबसे पहले खड़ा होने वाला युवा और विधायक डॉ. मोहन बिष्ट का करीबी सहयोगी सोनू पांडे अब इस दुनिया में नहीं रहा। उनके आकस्मिक निधन की खबर ने पूरे लालकुआं विधानसभा क्षेत्र को गहरे सदमे में डाल दिया है।
बताया जा रहा है कि सोनू पांडे पिछले कुछ दिनों से तनाव में था। इसी बीच आज उसने कथित रूप से कोई जहरीला पदार्थ खा लिया, जिसके बाद उनकी हालत गंभीर हो गई। जिस पर उसे उपचार के लिए हल्द्वानी के नीलकंठ अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां चिकित्सकों के तमाम प्रयासों के बावजूद देर शाम उसने अंतिम सांस ली।
सोनू के निधन का समाचार जैसे ही क्षेत्र में फैला, लोगों को इस खबर पर यकीन ही नहीं हुआ। सोशल मीडिया से लेकर गांव-गांव और मोहल्लों तक शोक की लहर दौड़ गई। हर किसी की जुबान पर एक ही सवाल था कि आखिर हमेशा हंसते-मुस्कुराते रहने वाला सोनू इतनी जल्दी सबको छोड़कर कैसे चला गया।
बिंदुखत्ता निवासी सोनू पांडे लंबे समय से विधायक डॉ. मोहन बिष्ट के साथ सक्रिय रूप से जुड़े हुआ था। राजनीतिक गतिविधियों के साथ-साथ वे सामाजिक सरोकारों में भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लेता थे। क्षेत्र में किसी भी सामाजिक, धार्मिक या जनहित के कार्यक्रम में उसकी मौजूदगी आम बात थी। उसके मिलनसार स्वभाव और सहज व्यवहार ने उसे हर वर्ग के लोगों के बीच लोकप्रिय बना दिया था।
निधन की सूचना मिलते ही उनके आवास पर लोगों का तांता लग गया। परिवार में कोहराम मचा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और सैकड़ों लोगों ने उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए इसे अपूरणीय क्षति बताया है।
आज बिंदुखत्ता और लालकुआं की फिजा में एक अजीब सी खामोशी है। एक ऐसा युवा, जो हमेशा दूसरों के चेहरे पर मुस्कान लाने की कोशिश करता था, खुद चुपचाप इस दुनिया से विदा हो गया। उसके जाने का दर्द सिर्फ उसके परिवार का नहीं, बल्कि उन तमाम लोगों का है, जिनके जीवन में उसने अपनी आत्मीयता और सेवा भाव से जगह बनाई थी।
सोनू पांडे का असमय जाना क्षेत्र के लिए ऐसी क्षति है, जिसकी भरपाई शायद कभी नहीं हो सकेगी।
