केंद्रीय बजट से पंचायतों को निराशा, ग्रामीण विकास की अनदेखी का आरोप!
बजट में पंचायतों के लिए ठोस प्रावधान न होना चिंताजनक,गोपाल अधिकारी जिलाध्यक्ष ग्राम प्रधान संगठन
दर्पण न्यूज 24/7 लालकुआं।
केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तुत आम बजट 2026 को लेकर ग्राम प्रधान संगठन नैनीताल के जिला अध्यक्ष गोपाल सिंह अधिकारी ने प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए पंचायतों की उपेक्षा का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि बजट में पंचायतों की वास्तविक आवश्यकताओं, स्थानीय स्तर पर विकास कार्यों तथा वित्तीय स्वायत्तता को सुदृढ़ करने के लिए कोई ठोस एवं स्पष्ट प्रावधान नहीं किए गए हैं।
गोपाल सिंह अधिकारी के अनुसार पंचायतें ग्रामीण विकास की आधारशिला हैं, लेकिन प्रस्तुत बजट में उनके लिए लक्षित संसाधनों और अधिकारों की स्पष्ट रूपरेखा नहीं दिखती। इससे गांवों में आधारभूत सुविधाओं से जुड़े कार्यों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है।
उन्होंने कहा कि सड़क, पेयजल, स्वच्छता, ग्रामीण रोजगार, शिक्षा एवं स्वास्थ्य जैसी मूलभूत आवश्यकताओं के क्रियान्वयन में पंचायतों की निर्णायक भूमिका होती है। ऐसे में यदि वित्तीय संसाधनों और निर्णय प्रक्रिया में पंचायतों को पर्याप्त अधिकार नहीं दिए जाते, तो योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन कठिन हो जाएगा।
गोपाल सिंह अधिकारी ने केंद्र सरकार से आग्रह किया कि पंचायतों को सशक्त बनाने के लिए अलग से स्पष्ट बजटीय प्रावधान किए जाएं और स्थानीय निकायों को अधिक वित्तीय स्वायत्तता प्रदान की जाए, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति मिल सके।
स्थानीय जनप्रतिनिधियों का भी मानना है कि ग्रामीण विकास से जुड़ी नीतियों की सफलता पंचायतों की मजबूती पर निर्भर करती है। ऐसे में बजट में पंचायतों के लिए ठोस प्रावधान न होना चिंताजनक है।
